गंगोह (सहारनपुर)। गंगोह स्थित एक सभागार में कश्यप समाज की बैठक आयोजित की गई, जिसमें समाज को सामाजिक सम्मान, राजनीतिक प्रतिनिधित्व और आरक्षण समेत विभिन्न मांगों को लेकर कश्यप महासभा के गठन का निर्णय लिया गया। बैठक में समाज के सैकड़ों लोगों ने हिस्सा लिया।
बैठक के दौरान वक्ताओं ने कहा कि कश्यप समाज लंबे समय से सामाजिक और राजनीतिक स्तर पर अपने अधिकारों के लिए आवाज उठाता रहा है। वक्ताओं ने वर्तमान सरकार के कार्यकाल में भी समाज के लोगों के उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए कहा कि कई मामलों में पीड़ित परिवारों को न्याय के लिए संघर्ष करना पड़ा है।
वक्ताओं ने समाज को एकजुट करने पर जोर देते हुए कहा कि अलग-अलग स्तर पर बिखरे हुए समाज को एक मंच पर लाने के उद्देश्य से महासभा का गठन किया जा रहा है। उनका कहना था कि समाज अब संगठित होकर अपने अधिकारों और सम्मान के लिए लोकतांत्रिक तरीके से आवाज उठाएगा।
इस दौरान बाबूराम कश्यप, मांगेराम कश्यप, प्रेमचंद कश्यप और प्रवीण आर्य ने कहा कि कश्यप समाज अब पूरे देश में एकजुट होकर एक मंच पर आ चुका है। उन्होंने कहा कि समाज के साथ किसी भी तरह का उत्पीड़न बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और अपने अधिकारों के लिए संगठित होकर संघर्ष किया जाएगा।
कार्यक्रम की अध्यक्षता सत्यपाल कश्यप ने की, जबकि संचालन जसवंत कश्यप ने किया।
बैठक में नेत्रपाल कश्यप, सीमा कश्यप, कौशल कश्यप और अर्चना कश्यप समेत समाज के सैकड़ों लोग मौजूद रहे।